महँगाई कैलकुलेटर: कुछ साल बाद वही चीज़ कितने की होगी?

पेज अपडेट: 11 अक्टूबर 2026

जो चीज़ आज ₹5 लाख की है, वह 10 साल बाद कितने की होगी? और आज के ₹1 लाख की ख़रीदने की ताक़त तब कितनी रह जाएगी? महँगाई की दर आप ख़ुद चुनिए — टूल दोनों तरफ़ से हिसाब दिखाता है।

उदाहरण भरें:

महँगाई कैलकुलेटर

1 से 60 साल तक।

यह आपकी मान्यता है, कोई सरकारी आँकड़ा नहीं। पढ़ाई या इलाज जैसी चीज़ों के दाम अक्सर औसत से अलग रफ़्तार से बढ़ते हैं। −5% से 25% तक; नकारात्मक दर का मतलब है दाम घटना।

एक ही चीज़ को दो मान्यताओं पर देखने के लिए। ख़ाली छोड़ें तो तुलना नहीं दिखेगी।

अनुमान

आगे की अनुमानित क़ीमत

आज की क़ीमत
कुल बदलाव
आज के इतने पैसे की तब की ताक़त (आज के रुपयों में)

उदाहरण: बच्चे की पढ़ाई की फ़ीस

उदाहरण — काल्पनिक संख्याएँ

जिस कोर्स की कुल फ़ीस आज ₹5 लाख है, वह 10 साल बाद 8% सालाना बढ़त पर लगभग ₹10,79,462 की होगी। 6% मानें तो ₹8,95,424। सिर्फ़ मान्यता के 2 प्रतिशत अंक के फ़र्क़ से लक्ष्य ₹1,84,038 बदल जाता है — इसलिए लंबे लक्ष्यों में दो दरों पर हिसाब देखना काम आता है।

दूसरी तरफ़ से: 6% महँगाई पर आज के ₹1 लाख की ताक़त 10 साल बाद आज के लगभग ₹55,839 जितनी रह जाती है, और 20 साल बाद ₹31,180। यही बात उलटकर: आज ₹1 लाख की चीज़ 10 साल बाद ₹1,79,085 की होगी (79.1% ज़्यादा)। घर का ₹30,000 का मासिक ख़र्च 15 साल बाद 6% पर लगभग ₹71,897 होगा।

दाम घटने का परिदृश्य: −1% डालें तो ₹1 लाख की चीज़ 5 साल बाद ₹95,099 की दिखेगी। कुछ इलेक्ट्रॉनिक सामान में ऐसा होता है, पर पूरे घर-ख़र्च में लंबे समय तक कम ही।

आम ग़लतियाँ

यह नतीजा कैसे पढ़ें

सवाल-जवाब

कौन-सी दर डालूँ?

कोई एक सही दर नहीं। लोग अक्सर पिछले कुछ सालों की औसत महँगाई या अपनी ख़र्च-श्रेणी के अनुभव से अंदाज़ा लगाते हैं, फिर एक कम और एक ज़्यादा दर पर तुलना देखते हैं। यह टूल कोई सरकारी आँकड़ा नहीं दिखाता।

“ख़रीदने की ताक़त” का मतलब?

अगर आपके पास आज ₹1 लाख नक़द रखे रहें, तो कुछ साल बाद उनसे उतना सामान नहीं आएगा जितना आज आता है। यह संख्या बताती है कि वे तब आज के कितने रुपयों जितना सामान ख़रीद पाएँगे।

लेखक: start। SaralPaisa कोई वित्तीय सलाहकार, CA या SEBI-रजिस्टर्ड संस्था नहीं है; यह पेज शिक्षा के लिए है। हमारे बारे में · हम हिसाब कैसे करते हैं · डिस्क्लेमर